सोचिए, आप घर बैठे अपनी जरूरत का सामान ऑनलाइन ऑर्डर करते हैं। कुछ ही मिनटों में पैकेट आपके दरवाजे पर आ जाता है और जब आप उसे खोलते हैं तो उसमें एक ‘फ्री गिफ्ट’ भी निकलता है। मुफ्त की चीज देखकर किसे खुशी नहीं होती? लेकिन क्या हो अगर वह मुफ्त की चीज एक बेहद जहरीला फल हो?
दरअसल, बेंगलुरु की एक महिला के साथ बिल्कुल ऐसा ही हुआ। उन्होंने स्विगी इंस्टामार्ट से कुछ सामान मंगाया, जिसके साथ उन्हें मुफ्त में ‘धतूरा’ भेज दिया गया। महिला ने तुरंत एक वीडियो बनाकर बताया कि इंटरनेट के मुताबिक यह इंसानों के लिए बेहद जहरीला होता है। बस फिर क्या था… यह वीडियो आग की तरह फैला और पूरे कर्नाटक प्रशासन में हड़कंप मच गया।
सरकार के खाद्य सुरक्षा और औषधि प्रशासन (KFSDA) ने तुरंत एक्शन लेते हुए स्विगी इंस्टामार्ट के साथ-साथ अमेजन और बिगबास्केट जैसी बड़ी कंपनियों के फूड लाइसेंस सस्पेंड कर दिए और इस ‘जहरीले’ फल की बिक्री पर फौरन रोक लगाने का आदेश दे दिया।
क्या है धतूरा और कैसे काम करता है इसका जहर?
अंग्रेजी में ‘थॉर्न एप्पल’ के नाम से जाना जाने वाला धतूरा असल में नाइटशेड फैमिली का हिस्सा है। इसमें एट्रोपिन और स्कोपोलामाइन जैसे जहरीले तत्व पाए जाते हैं। इसलिए, प्राकृतिक होने का मतलब यह नहीं है कि कोई चीज खाने के लिए सुरक्षित है।
बता दें, धतूरे को पकाने या उबालने से भी इसका जहर खत्म नहीं होता। वैसे तो अस्पतालों में इसका इस्तेमाल आंखों की पुतलियों को फैलाने या नसों के इलाज में बहुत ही कंट्रोल के साथ होता है, लेकिन आम जिंदगी में बिना डॉक्टर की सलाह के इसका इस्तेमाल जानलेवा साबित हो सकता है।
शरीर में जहर फैलने के क्या हैं लक्षण?
अगर कोई इंसान गलती से भी धतूरा खा ले, तो यह सीधे उसके नर्वस सिस्टम पर हमला करता है। इसके शुरुआती असर में मुंह बुरी तरह सूखना, बहुत तेज प्यास लगना, आंखों से धुंधला दिखना और पुतलियों का बड़ा हो जाना शामिल है। इंसान को चक्कर आने लगते हैं, त्वचा गर्म हो जाती है और पेशाब करने में भी दिक्कत महसूस होती है।
अगर जहर शरीर में ज्यादा फैल जाए, तो हालत और भी डरावनी हो सकती है। मरीज को ऐसी चीजें दिखने लगती हैं जो असल में हैं ही नहीं। इसके अलावा दौरे पड़ना, बेहोशी आना, दिल की धड़कन का असामान्य होना या सांस लेने में भयंकर तकलीफ जैसी स्थितियां पैदा हो सकती हैं, जो सीधे तौर पर जानलेवा हैं।
गलती से धतूरा खा लिया तो क्या करें?
धतूरा खाने को एक गंभीर मेडिकल इमरजेंसी मानना चाहिए। अगर किसी ने इसे खा लिया है, तो उसे खुद से उल्टी करवाने की कोशिश बिल्कुल न करें। पानी, दूध या कोई भी घरेलू नुस्खा आजमाने के बजाय मरीज को तुरंत अस्पताल लेकर भागें। डॉक्टर को सही इलाज समझने में आसानी हो, इसके लिए उस फल या पौधे का एक टुकड़ा अपने साथ ले जाना न भूलें।
इसके अलावा, अगर आप पूजा के लिए भी धतूरा छूते हैं, तो बाद में हाथों को साबुन से अच्छी तरह जरूर धोएं। इसे घर की खाने-पीने की चीजों, सब्जियों या फलों से बिल्कुल अलग रखें ताकि घर का कोई भी सदस्य, खासकर बच्चे, इसे गलती से भी मुंह में न डाल लें।
इस घटना ने इंटरनेट पर छेड़ी नई बहस
सोशल मीडिया पर भी इस घटना ने एक नई बहस छेड़ दी है। कई लोग कंपनियों की लापरवाही पर भड़क रहे हैं और ऑनलाइन बिकने वाले सामानों की सख्त चेकिंग की मांग कर रहे हैं। उनका मानना है कि ऑनलाइन बिकने वाली हर चीज आंख मूंदकर सुरक्षित नहीं मानी जा सकती। वहीं, कुछ अन्य यूजर्स का कहना है कि लोगों को अपना दिमाग भी इस्तेमाल करना चाहिए, क्योंकि पूजा में चढ़ने वाले धतूरे के बीज भला कोई इंसान खाने की कैसे सोच सकता है।

