Romance Scam फोन पर सामने वाला खुद को पुलिस, CBI, TRAI या कस्टम अधिकारी बताता है। कहता है कि आपके नाम से ड्रग्स, मनी लॉन्ड्रिंग या कोई बड़ा अपराध जुड़ा है। कुछ देर बाद WhatsApp पर FIR, कोर्ट ऑर्डर और सरकारी ID भेज दी जाती है। फिर कहा जाता है कि आप डिजिटल अरेस्ट में हैं। वीडियो कॉल पर रहना जरूरी है, किसी को बताना मना है और अगर कॉल काटी तो तुरंत पुलिस घर आ जाएगी। डर के मारे लोग जांच के लिए लाखों रुपए ट्रांसफर कर देते हैं।
आपका पैसा चुरा सकते हैं 5 साइबर स्कैम Romance Scam

लेकिन सच्चाई ये है कि भारत में कोई भी सरकारी एजेंसी फोन या वीडियो कॉल पर अरेस्ट नहीं करती और न ही पैसे मांगती है। यह पूरा खेल सिर्फ डर का होता है। इसके अलावा ठग सोशल मीडिया से आवाज और वीडियो उठाकर AI से नकली कॉल और वीडियो बना रहे हैं। ऑफिस में बॉस की आवाज या घर पर वाइफ-बच्चे की आवाज में कॉल किए जा रहे हैं। इनसे बचने के लिए परिवार और ऑफिस में एक सीक्रेट कोड वर्ड तय करें और किसी भी इमरजेंसी कॉल को दूसरे तरीके से जरूर चेक करें।
फर्जी ट्रेडिंग ऐप और निवेश स्कैम
सोशल मीडिया पर बड़े-बड़े नामों के वीडियो दिखते हैं, ‘गारंटीड रिटर्न’, ‘सीक्रेट ट्रेडिंग टिप्स’.. आपको वॉट्सऐप-टेलीग्राम ग्रुप में जोड़ा जाता है, एक प्रोफेशनल-सी दिखने वाली ट्रेडिंग ऐप डाउनलोड कराई जाती है। शुरुआत में छोटा पैसा लगाते हैं, मुनाफा दिखता है और कभी-कभी थोड़ा पैसा वापस भी आ जाता है। भरोसा बनते ही बड़ी रकम लगवाई जाती है। फिर टैक्स, फीस या चार्ज के नाम पर और पैसे मांगे जाते हैं। आखिर में ऐप बंद, ग्रुप गायब और पैसा भी। ध्यान रखें स्टॉक मार्केट में रोज 5-10% कमाई का कोई शॉर्टकट नहीं होता।

फिशिंग, सिम स्वैप और रोमांस स्कैम
आजकल फिशिंग मैसेज बिल्कुल बैंक जैसे दिखते हैं। लिंक असली वेबसाइट जैसा लगता है, बस एक-दो अक्षर बदले होते हैं। सिम स्वैप (SIM Swap) में आपका नंबर किसी और के पास चला जाता है और OTP उसी को मिलने लगता है। रोमांस स्कैम (Romance scam) में दोस्ती या प्यार के नाम पर धीरे-धीरे भरोसा बनाया जाता है और फिर निवेश या मदद के नाम पर पैसा निकलवाया जाता है।
फिशिंग, सिम स्वैप और रोमांस स्कैम, तीनों ही साइबर धोखाधड़ी के तरीके हैं जहाँ स्कैमर आपकी निजी जानकारी चुराकर या भरोसा जीतकर पैसे ऐंठते हैं;
फिशिंग में नकली ईमेल/लिंक से डेटा चोरी होती है, सिम स्वैप में आपके नंबर को अपने सिम पर एक्टिवेट कर OTP चुराते हैं, और रोमांस स्कैम में प्यार का नाटक कर भावनात्मक रूप से जोड़कर पैसों की मांग करते हैं.

फिशिंग (Phishing)
क्या है: स्कैमर बैंक, सोशल मीडिया या अन्य विश्वसनीय संस्था का रूप धरकर नकली लिंक वाले मैसेज या ईमेल भेजते हैं.
कैसे काम करता है: आप लिंक पर क्लिक करते हैं, और नकली वेबसाइट पर अपनी निजी जानकारी (पासवर्ड, OTP, बैंक डिटेल्स) डाल देते हैं, जो स्कैमर तक पहुँच जाती है.
सिम स्वैप (SIM Swap)
क्या है: स्कैमर आपकी निजी जानकारी (जो फिशिंग या अन्य तरीकों से मिली होती है) का उपयोग करके आपके मोबाइल ऑपरेटर को कॉल करते हैं और खुद को आप बताते हैं.
कैसे काम करता है: वे फोन खोने का बहाना बनाकर आपकी सिम को किसी और सिम पर ट्रांसफर (स्वैप) करवा लेते हैं. इससे आपके सारे कॉल, SMS और
OTP उस स्कैमर के पास जाने लगते हैं, जिससे वे बैंक अकाउंट और अन्य ऐप्स तक पहुँच जाते हैं.
रोमांस स्कैम (Romance Scam)
क्या है: स्कैमर डेटिंग ऐप्स या सोशल मीडिया पर फेक प्रोफाइल बनाकर आपसे दोस्ती या प्यार का रिश्ता बनाते हैं. वे धीरे-धीरे आपका भरोसा जीतते हैं और फिर किसी इमरजेंसी, बीमारी, यात्रा या निवेश के बहाने पैसे मांगते हैं, जो वे कभी लौटाते नहीं.
बचाव के तरीके –
फिशिंग से: अनजान लिंक पर क्लिक न करें और हमेशा URL ध्यान से देखें.
सिम स्वैप से: टू-फैक्टर ऑथेंटिकेशन (2FA) का इस्तेमाल करें और अपने मोबाइल ऑपरेटर से खास सिम सुरक्षा फीचर्स (जैसे पिन) लगवाएं.
रोमांस स्कैम से: ऑनलाइन मिली किसी भी व्यक्ति से तुरंत पैसे न भेजें, खासकर अगर वे कभी मिल नहीं पाते या बहाने बनाते हैं.

