Uttarakhand News उत्तराखंड के सरकारी स्कूलों में शौचालयों में सफाई और पर्याप्त निर्माण न होने से लड़कियों को काफी परेशानियां झेलनी पड़ती है। लेकिन अब सरकार ने इस समस्या को खत्म करने के आदेश दिए हैं। मुख्य सचिव ने जल्द ही कार्ययोजना प्रस्तुत करने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा कि प्रदेशभर के सभी आंगनवाड़ी केन्द्रों को आदर्श आंगनवाड़ी केन्द्रों की तर्ज पर विकसित किया जाए। विभागों और उनके जनपद स्तरीय कार्यालयों में 100 प्रतिशत ई-ऑफिस व्यवस्था की जाए लागू। मुख्य सचिव आनन्द बर्द्धन ने सचिव समिति बैठक के दौरान सम्बन्धित अधिकारियों और जिलाधिकारी को ये हिदायत दी है।
सरकारी स्कूलों के गर्ल्स टॉयलेट सुधारे जाएँ Uttarakhand News

मुख्य सचिव ने कहा कि प्रदेशभर के सभी सरकारी स्कूलों को शीघ्र ही गर्ल्स टॉयलेट सुधारे जाएँ वहीँ उन्होंने कहा कि अधिकतर स्कूलों में टॉयलेट उपलब्ध हैं, परन्तु उनकी साफ-सफाई आदि के लिए व्यवस्था न होने के कारण ऐसे टॉयलेट प्रयोग नहीं हो पा रहे हैं। उन्होंने शिक्षा विभाग को पूरे प्रदेश के सरकारी स्कूलों के लिए टॉयलेट एवं उनकी सफाई व्यवस्था सुनिश्चित किए जाने हेतु वर्क प्लान तैयार किए जाने के निर्देश दिए हैं। मुख्य सचिव ने विद्यालयों में विद्यार्थियों को प्रदेश के पर्यटक स्थलों का 2 से 3 दिवसीय भ्रमण कार्यक्रम आयोजित किए जाने पर भी बल दिया। उन्होंने कहा कि इससे बच्चों को अपने राज्य एवं उसकी विशेषताओं को जानने का मौका मिलेगा।

मुख्य सचिव ने प्रदेश के सभी आंगनवाड़ी केन्द्रों को सभी आवश्यक सुविधाओं से लैस किए जाने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने इसके लिए वित्तीय वर्ष 2026-27 के सीएसआर फंड का पूर्णतः उपयोग आंगनवाड़ी केन्द्रों के लिए किए जाने की बात कही। उन्होंने विश्वविद्यालयों एवं कॉलेजों को अपने आसपास के क्षेत्र के आंगनवाड़ी केंद्रों को गोद लिए जाने की आवश्यकता पर जोर दिया। उन्होंने नए आंगनवाड़ी केंद्रों को स्कूलों के समीप स्थापित किए जाने की बात भी कही। कहा कि इससे आंगनवाड़ी और स्कूल के बीच के गैप को कम किया जा सकेगा, और आंगनवाड़ी केंद्रों के मूल उद्देश्यों को पूरा किया जा सकेगा।

मुख्य सचिव ने खेल विभाग को अपने तैयार इन्फ्रास्ट्रक्चर को वर्षभर उपयोग में लाते हुए इनके अधिकतम उपयोग हेतु शीघ्र एक कार्ययोजना तैयार किए जाने के निर्देश दिए। उन्होंने स्पोर्ट्स यूनीवर्सिटी शीघ्र शुरू किए जाने की बात भी कही। उन्होंने कहा कि हमें बड़ा लक्ष्य निर्धारित करते हुए बहुत आगे की तैयारियां करनी होंगी। वर्ष 2036 में आयोजित होने वाले ओलिम्पिक गेम्स में उत्तराखण्ड के खिलाड़ी भी प्रतिभाग करें, इसके लिए हमें अभी से भविष्य के खिलाड़ी चिन्हित करने होंगे।

