DM Dehradun कराहती सड़कों पर मरहम लगाएंगे डीएम देहरादून !

DM Dehradun  राजधानी की कराहती सड़कों पर जिला प्रशासन मरहम लगाएगा और इसका जिम्मा अफसरों को सौंप दिया गया है जो डीएम आशीष चौहान द्वारा निर्धारित सड़कों के सेहत सुधारने के जिम्मेदार होंगे। मानसून में बारिश के कारण नगर निगम देहरादून की प्रमुख सड़कों और संपर्क मार्गों पर क्षति और सड़कों में गड्ढे होने से आवागमन में आ रही कठिनाइयों को देखते हुए जिला प्रशासन ने सड़कों की स्थिति सुधारने के लिए प्रभावी कार्रवाई शुरू कर दी है।जिलाधिकारी डॉ. आशीष चौहान के निर्देश पर जनपद के विभिन्न क्षेत्रों में 48 प्रमुख एवं आंतरिक मार्गों का स्थलीय निरीक्षण कराया जाएगा। इसके लिए विभिन्न विभागों के अधिकारियों को मार्गवार जिम्मेदारी सौंपी गई है।

बारिश से क्षतिग्रस्त सड़कों को लेकर प्रशासन सख्त DM Dehradun


नामित अधिकारी अपने-अपने आवंटित मार्गों का स्थलीय निरीक्षण कर क्षतिग्रस्त एवं गड्ढायुक्त हिस्सों को चिन्हित करेंगे और संबंधित सड़क मार्ग विभाग/कार्यदायी संस्था को आवश्यक मरम्मत एवं गड्ढामुक्त किए जाने की कार्रवाई सुनिश्चित कराने के निर्देश दिए गए हैं।प्रशासन द्वारा निर्धारित मार्गों में देहरादून-मसूरी मार्ग, राजपुर रोड, हरिद्वार बाईपास, कांवली रोड, मातावाला से कारगी चौक, निरंजनपुर से शिमला बाईपास, बल्लीवाला चौक से आइएसबीटी, पटेलनगर, नेहरू रोड, धर्मपुर, रायपुर, सहस्रधारा रोड, जाखन, चकराता रोड, क्लेमेंटटाउन, प्रेमनगर तथा शहर के विभिन्न आंतरिक मार्ग शामिल हैं।

देहरादून के सभी मार्गों का होगा स्थलीय निरीक्षण

जिलाधिकारी ने निर्देश दिए हैं कि स्थलीय निरीक्षण के दौरान मार्गों पर मौजूद गड्ढों, क्षतिग्रस्त हिस्सों एवं आवश्यक मरम्मत कार्यों का चिन्हांकन करते हुए उनकी सूची तैयार की जाए। संबंधित विभागों एवं कार्यदायी संस्थाओं से आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित कराते हुए मार्गों को आवागमन के लिए सुरक्षित एवं सुगम बनाने पर विशेष जोर दिया गया है।

नामित अधिकारियों को दो दिन में रिपोर्ट देने के निर्देश

प्रशासन ने नामित अधिकारियों को अपने-अपने आवंटित मार्गों का निरीक्षण कर गड्ढों एवं क्षतिग्रस्त हिस्सों से संबंधित संपूर्ण सूचना/फोटो सहित जिला आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (डीडीएमए), देहरादून को दो दिन के भीतर अनिवार्य रूप से उपलब्ध कराने के निर्देश दिए हैं।मानसून के बाद सड़कों की वास्तविक स्थिति का व्यापक आकलन कर त्वरित मरम्मत की दिशा में की जा रही इस कार्रवाई से शहर एवं आसपास के क्षेत्रों में आवागमन को अधिक सुरक्षित और सुगम बनाने में मदद मिलेगी।