DM Savin Bansal अपनी संवेदनशील कार्यशैली से जनता में भरोसे का पर्याय और समाधान की गारंटी बन चुके डीएम सविन बंसल के सामने रोजाना कुछ ऎसी शिकायतें भी आती हैं जो सीधे समाज की बदसूरत होती तस्वीर पर चोट करती है और जिलाधिकारी सविन बंसल को कड़े फैसले लेने पर मजबूर करती है। अब तजा मामला सामने आया है 88 वर्षीय बीमार बुजुर्ग राजेन्द्र स्वरूप अग्रवाल का जिन्होंने बताया की वो एक गंभीर शिकायत लेकर सामने आये हैं। जिसमें उन्होंने आरोप लगाया कि उनके बड़े पुत्र ने उनके नाम पर बनाई गई पावर ऑफ अटॉर्नी का दुरुपयोग करते हुए उनकी नेहरू कालोनी स्थिति 2 संपत्तियों को गलत तरीके से अपनी पत्नी पूजा अग्रवाल के नाम गिफ्ट डीड के माध्यम से हस्तांतरित कर दिया।
बुजुर्ग, महिला,बच्चों, असहाय का उत्पीड़न बर्दाश नहीं – सविन बंसल DM Savin Bansal

नेहरू कालोनी स्थित 2 सम्पतियों को कूटरचित दस्तावेजों एवं धोखे से पावर ऑफ अटार्नी करवाकर बुजुर्ग की सम्पत्ति हड़पने का मामला डीएम के सम्मुख आया, जिस पर जिला प्रशासन ने प्राथमिकी दर्ज कराते हुए डीड रद्द करने की कार्यवाही की जा रही है। पिता के अधिकारों को अतिक्रमित करते हुए बेटे ने सम्पति को अपनी पत्नी के नाम करा दिया। सम्पति से प्राप्त किराये से पिता का उपचार चलता था। गिड़गिड़ाते हुए बजुर्ग पिता ने उपहार डीड रद्द करने की जिलाधिकारी से गुहार लगाई थी।
जिलाधिकारी सविन बंसल ने मामले को गंभीरता से संज्ञान लेते हुए अपर जिलाधिकारी (वित्त एवं राजस्व) तथा उप निबंधक कार्यालय को प्रकरण की जांच कर संबंधित व्यक्तियों के विरुद्ध आवश्यक कार्रवाई करने के निर्देश दिए हैं। जिलाधिकारी ने कहा कि वृद्धजनों के साथ किसी प्रकार का धोखाधड़ी, दबाव या कूटरचना कर संपत्ति हड़पने का प्रयास बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। प्रकरण की पूरी जांच कर दोषियों पर नियमानुसार कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।

शिकायतकर्ता ने जिलाधिकारी से गुहार लगाते हुए बताया कि वे उपचार हेतु अपनी बेटी के पास गाजियाबाद गए हुए थे, इसी दौरान बड़े पुत्र ने फर्जी दस्तावेजों का प्रयोग कर नेहरू कॉलोनी स्थित उनकी दो संपत्तियों को अपने पक्ष में कर लिया। बुजुर्ग ने जिलाधिकारी से गुहार लगाई कि उक्त गिफ्ट डीड को निरस्त कराया जाए तथा दोषियों पर कार्रवाई की जाए। जिलाधिकारी के निर्देश पर रजिस्ट्रार कार्यालय ने सम्बन्धित के विरूद्ध थाना नेहरू कालोनी में केस दर्ज कराया और जिला प्रशासन द्वारा तथ्यों की पड़ताल करते हुए उपहार डीड को रद्द कर दिया गया है।

बेटी ने ही कर दी घोखाधडी।
डीएम बंसल के सामने चलने फिरने में असमर्थ 93 वर्षीय बुजुर्ग प्रेम सिंह ने अपनी ही बेटी पर धोखाधडी कर उनके बैंक से ही 10 लाख निकालने की शिकायत की तो उन्होने लीड बैंक अधिकारी को जांच कर रिपोर्ट उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए। वहीं बुजुर्ग मुन्नी देवी ने बताया कि पति की मृत्यु की बाद उनके छोटे बेटे ने घर की सारी संपत्ति एवं बैंक खातों में जमा पूंजी धोखे से वसीयतनामा बनाकर अपने नाम कर दी है। इस पर डीएम ने भरण पोषण एक्ट में वाद दायर करते हुए वसीयतनामा की विधिक जांच कराने के निर्देश दिए। पंडितवाडी निवासी 60 वर्षीय बुजुर्ग महिला लता त्यागी ने बहू द्वारा घर कब्जा करने और घर से निकालने की शिकायत पर भी भरण पोषण एक्ट में वाद दायर कराया गया। दुर्गा नगर निवासी बजुर्ग राधा ने बताया कि उन्होंने एमडीडीए चन्द्रनगर कॉलोनी में अपनी बेटी को रहने के लिए घर दिया था, लेकिन पिता की मृत्यु के बाद बेटी ने उस धोखे से उस घर ही कब्जा कर फर्जी तरीके से रजिस्ट्री करवा दी है। ऐसे नाजुक मामलों पर डीएम सविन बंसल ने एडीएम को सब रजिस्ट्रार से रिपोर्ट तलब कराई है ।

