Rooftop Sleeping खुल्लमखुल्ला बेडरुम….न चादर न संकोच 

Rooftop Sleeping सोशल मीडिया पर इन दिनों एक अजब-गजब वीडियो तेजी से वायरल हो रहा है, जिसे देखकर विदेशी भले ही हैरान हों, लेकिन हर भारतीय का दिल यादों से भर गया है. वीडियो में देखा जा सकता है कि कैसे रात होते ही पूरी कॉलोनी की छतें लोगों से गुलजार हो जाती हैं. भीषण गर्मी और बिजली कटौती से परेशान होकर लोग छतों पर बिस्तर बिछाकर आसमान के नीचे सो रहे हैं. इंटरनेट पर इसे भारत का मुफ्त ‘रूफटॉप स्लीपिंग फेस्टिवल’ (Rooftop Sleeping Festival) कहा जा रहा है.

ओपन-एयर बेडरूम के मजेदार नियम Rooftop Sleeping

जब पारा रिकॉर्ड तोड़ने लगे और कमरे भट्टी बन जाएं, तो भारतीयों का पारंपरिक ‘देसी जुगाड़’ शुरू होता है. शाम को छत पर पानी छिड़क कर तपन शांत की जाती है. इसके बाद चारपाइयां बिछती हैं, सफेद सूती चादरें तनती हैं और पूरा परिवार एक साथ खुली हवा में जमा हो जाता है ….इस ओपन-एयर बेडरूम के अपने मजेदार नियम हैं. सबसे ठंडी हवा वाली जगह के लिए भाई-बहनों में जंग होती है और फर्राटा पंखे को ऐसे सेट किया जाता है कि हवा सबको मिले. बिना किसी खर्च के आसमान का ‘लाइव थियेटर’ चालू हो जाता है, जहां लोग तारे गिनते हुए सोते हैं.


छतों का यह अजब-गजब नजारा

यह वायरल खबर सिर्फ गर्मी का तोड़ नहीं बताती, बल्कि बचपन की उन खूबसूरत यादों का आईना है जहां छत पर भूतों की कहानियां सुनी जाती थीं और सुबह कौवे की आवाज से नींद खुलती थी. आज के दौर में भी, छतों का यह अजब-गजब नजारा साबित करता है कि भारतीयों के लिए सुकून का मतलब महंगा एसी नहीं, बल्कि अपनों का साथ और ठंडी कुदरती हवा है

viral video – https://twitter.com/i/status/2058547314046980524