Harish Rawat News जैसे-जैसे उत्तराखंड में विधानसभा चुनाव 2027 को लेकर भाजपा मजबूती के साथ के लिए किलेबन्दी कर अपने सिपाह सालारों को मुस्तैद कर रही है वही एक बार फिर कांग्रेस ना सिर्फ बिखरती जा रही है बल्कि अब बगावत के मुहाने पर भी खड़ी नजर आ रही है उत्तराखंड के सबसे वयोवृद्ध कांग्रेस नेता ने ही लगता है अब आलाकमान की सुननी बंद कर दी है और जिद पर अड़े हैं… उनकी यात्रा और जनसंपर्क को लेकर जिस तरह से केंद्रीय नेतृत्व ने निर्देश दिया बावजूद इसके हरदा अपने जिद पर कायम रहते हुए कुछ विधायकों और पूर्व विधायकों के साथ प्रदेश भ्रमण पर निकले हैं उससे लगता है कि यह हरीश रावत के राजनीतिक कैरियर का सबसे बड़ा संग्राम होने जा रहा है जो वह खुद अपनी ही पार्टी से लड़ रहे हैं
पूर्व CM हरीश रावत का बड़ा बयान Harish Rawat News

पूर्व सीएम हरीश रावत ने कहा कि कांग्रेस को मुख्यमंत्री बनाने का लक्ष्य नहीं बनाना चाहिए, उत्तराखंड को हम कैसे बेहतर बना सकते हैं, उसका लक्ष्य बनाना चाहिए. लड़ाई होनी चाहिए 10 साल बनाम 15 साल. हमारा 10 साल का रोडमैप क्या था और 15 साल में भाजपा की क्या स्थिति है? यह कंपैरिजन कांग्रेस को राज्य के लोगों के सम्मुख रखना चाहिए.

अब रुकना नहीं है – हरीश रावत
पूर्व सीएम हरीश रावत ने हाईकमान के मना करने पर भी धन्यवाद एवं जनसंवाद यात्रा को जारी रखने का ऐलान कर दिया है। साफ है कि हरदा फिलहाल यात्रा नहीं रोकने जा रहे हैं और इस तरह प्रदेश प्रभारी शैलजा को भी चुनौती दे दी है। शैलजा ने हरीश रावत की यात्रा पर आपत्ति दर्ज करते हुए नाराजगी दर्ज की थी।

उत्तराखंड की प्रभारी महासचिव कुमारी शैलजा ने हरीश रावत को चिट्ठी लिखी, जिसमें कहा गया कि आप जो यात्रा निकाल रहे हैं, उसको लेकर आपने पीसीसी से कोई चर्चा नहीं की है। कांग्रेस नेतृत्व ने कहा कि अगले कुछ महीनो में विधानसभा चुनाव होने हैं इसलिए पार्टी में एकजुटता की जरूरत है। उन्होंने कहा था कि इस समय प्रदेश कांग्रेस के समानांतर कोई यात्रा निकालना पार्टी के लिए हितकारी नहीं होगा, इसलिए आप अपनी यात्रा को आगे ना बढ़ाएं। पार्टी ने कहा कि आपने कई विवादित बयान भी दिए हैं। हालांकि जिस तरह से उत्तराखंड कांग्रेस के दिग्गज हरीश रावत के साथ गाड़ी में सवार होकर यात्रा कर रहे हैं उसने एक बार फिर पार्टी में बड़ी गुटबाजी को सामने ला दिया है लेकिन सबसे बड़ा चेहरा इस बार हरीश रावत के साथ प्रीतम सिंह का नजर आ रहा है वहीं कई मौजूदा विधायक और पूर्व विधायक भी हरदा के इस है के आगे उनके साथ खड़ी नजर आ रहे हैं देखना होगा कि कांग्रेस के इस महाभारत से भाजपा को कितना सियासी फायदा मिलता है

