Special Story By – Anita Tiwari , Dehardun –
Uttarakhand BJP उत्तराखंड में कांग्रेस हार गई लेकिन सबक सीखा , भारतीय जनता पार्टी ने , तभी तो धामी सरकार की जीत का जश्न अभी थमा भी नहीं था कि उत्तराखंड भाजपा हारी हुई सीटों का पोस्टमार्टम करने में जुट गई है।
Uttarakhand BJP : जल्द बेनक़ाब होंगे खटीमा हार के गुनहगार

- दिल्ली से समीक्षा करने का आदेश हुआ तो नींद उड़ गई है उन Uttarakhand BJP भाजपा के भीतरघातियों की , जिन्होंने टिकट न मिलने की खुन्नस और मनमाफिक उम्मीदवार न उतारे जाने की खीज में पार्टी से ही बगावत कर बैठे। उत्तराखंड के मुख्यमंत्री धामी की अप्रत्याशित हार तब हुई जब उन्होंने हारी हुई बाजी को बेहतरीन ढंग से जीत कर सरकार की वापसी कराई , ऐसे में खुद वह खटीमा हार जाएंगे किसे पता था

- Uttarakhand BJP लेकिन अब पार्टी आलाकमान ने तय किया है कि हारी हुई सभी सीटों पर विश्लेषण किया जाए , हार के कारण तलाशे जाएं और विभीषणों को चिन्हित कर कार्यवाही की जाए। लिहाज़ा अगले कुछ दिन उत्तराखंड भाजपा के लिए अहम होने वाले हैं क्योंकि भाजपा के पार्टी संगठन के राष्ट्रीय महामंत्री बीएल संतोष पोलिटिकल ऑपरेशन की पूरी तैयारी के साथ हार का पोस्टमार्टम करने देहरादून आ रहे हैं।

- ये सच है की पहाड़ में कमल जीता , यह भी सच है कि दोबारा धामी ने ही मुख्यमंत्री पद की शपथ ली है लेकिन उत्तराखंड बीजेपी में भितरघात हुआ था ये भी सच है। क्योंकि जिस खटीमा में गीता पुष्कर धामी और उनका पूरा परिवार प्रचार सम्हाल रहा था वहाँ मुख्यमंत्री ही हार जाएँ ये भाजपा और खुद धामी को भी हजम नहीं हो रहा है।

- कांग्रेस की तरह Uttarakhand BJP भाजपा में भी ये बयान सामने आये की कुछ जगहों पर टिकटों का वितरण ठीक से किया गया वर्ना पार्टी 2017 की तरह अपने चुनावी इतिहास को दोहराकर एक और इतिहास रचने में कामयाब हो सकती थी.… लेकिन अनदेखी हुई और भितरघातियों ने बड़ा नुक्सान कर ही दिया।

- Uttarakhand BJP कौन यकीन कर सकता था कि असंभव लग रही जीत को धामी की धाकड़ पारी ने जीत में तब्दील कर दिया और खुद सीएम पुष्कर धामी की सीट साजिश का शिकार हो गयी।

- बीजेपी 2022 के विधानसभा चुनावों में 47 सीटें जीतने में कामयाब रही , लेकिन सच्चाई तो ये है की 2017 के मुकाबले भाजपा के हांथो से 10 सीट फिसल गयी। बीजेपी ने सरकार गठन के बाद हारी हुई 23 सीटों की समीक्षा कराई थी …. इसके लिए खटीमा समेत सभी 23 सीटों पर पदाधिकारी भेजे गए…. इन सभी ने अपनी समीक्षा रिपोर्ट शुक्रवार को पार्टी संगठन को सौंप दी है... यही वो अंदरूनी रिपोर्ट है जिस पर अब अब मंथन होगा और इसके बाद पार्टी आगे की रणनीति पर आगे बढ़ेगी।
Uttarakhand BJP खटीमा के धामी समर्थकों ने दिए थे संकेत –
- Uttarakhand BJP भाजपा के सूत्र कहते हैं कि पार्टी को टीस सबसे हॉट सीट खटीमा की हार का है .. कार्यकर्ताओं ने हार का कारण भितरघात बताया है। ऐसे में 2024 चुनाव से पहले पार्टी हर विधान सभा का ग्राउंड रियलिटी जानना चाहती है।
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Uttarakhand BJP : जल्द बेनक़ाब होंगे खटीमा हार के गुनहगार
Uttarakhand BJP कब हो सकता है एक्शन?
- इसी तरह की शिकायतें सामने आईं कि कई सीटों पर पार्टी के प्रभावशाली और चुनाव के ज़िम्मेदार लोग अपने कैंडिडेट को हराने के लिए विपक्षी खेमे को फायदा पहुंचा रहे थे… माना जा रहा है कि 2024 के लोकसभा चुनाव के मद्देनजर पार्टी ऐसे लोगों पर सख्त एक्शन ले सकती है….. अब देखना है कि खटीमा और पिरान कलियर जैसी अहम सीटों को जीतने का दावा कर रही भाजपा क्या प्रदेश में कम हुए वोट प्रतिशत पर भी चिंतन करेगी ?

- Uttarakhand BJP ऐसे में पुष्कर सिंह धामी जहां अपनी हार के गुनहगारों को बेनकाब करना चाहेंगे तो वही प्रदेश प्रमुख मदन कौशिक भी अपनी प्रेसिडेंट वाली कुर्सी पर उठ रहे सवालों के जवाब तलाशने में जरूर दिलचस्पी लेंगे। तो नज़र रखिये भाजपा संगठन की हंगामेदार होने जा रही मीटिंग का जहाँ से निकलेगा मुख्यमंत्री की हार का ज़िम्मेदार जिन्न
ये है रोचक खबर – एड़ी देवता की कहानी https://shininguttarakhandnews.com/incredible-uttarakhand-aidi-dewta/

