UNIQUE KASAR VILLAGE RAJSAMAND आधुनिकता और पश्चिमी संस्कृति के होड़ में युवा वर्ग अपनी वैदिक और सनातन संस्कृति को भूलता जा रहा है, लेकिन धर्म नगर राजसमंद जिले का एक गांव ऐसा है जो आज भी संस्कार और सनातन शिक्षा को ना सिर्फ जिंदा रखे हुए, बल्कि उसे भावी पीढ़ी में भी संस्कारित कर रहा है…
UNIQUE KASAR VILLAGE RAJSAMAND : अनोखा गांव

- UNIQUE KASAR VILLAGE RAJSAMAND राजसमंद जिले के चारभुजा के पास बसे कसार गांव में हर साल की तरह इस बार भी वैदिक कैंप 21 मई से 5 जून तक चला. यहां 20 साल से वेद आधारित शिक्षण संस्कार दिए जाते हैं. अब तक 7000 से ज्यादा स्टूडेंट्स यहां सनातन संस्कृति की शिक्षा ले चुके हैं. ट्रेनिंग लेने वालों में बीटेक, बीसीए, हाइली एजुकेडेट लोग, व्यापारी और प्रोफेशनल्स भी शामिल हैं. कसार गांव में 15 दिन के रेजिडेंशियल कैंप में स्टूडेंट्स वेदों का ज्ञान लेते हैं.

- UNIQUE KASAR VILLAGE RAJSAMAND अरावली की वादियों में एक गांव ऐसा है जहां देश के कोने-कोने से फर्राटेदार इंग्लिश बोलने वाले स्टूडेंट और प्रोफेशनल्स वैदिक मंत्रोच्चार सीखने आते हैं. इस गांव में हर साल 15 दिन के लिए समर कैंप लगता है, फीस है मात्र 300 रुपये. 15 दिन के लिए स्टूडेंट्स वेद, पुराण और सनातन धर्म-संस्कृति की शिक्षा लेते हैं. हजारों साल पहले की आश्रम व्यवस्था को जीते हैं. 15 दिन नंगे पांव रहते हैं. अनुशासित डेली रूटीन फॉलो करते हैं. सात्विक भोजन करते हैं. श्लोक-मंत्र के साथ संस्कार सीखते हैं. खाली समय में मोबाइल गेम खेलना यहां मना है. फील्ड में वॉलीबॉल, फुटबॉल या कबड्डी भले ही खेल सकते हैं.

UNIQUE KASAR VILLAGE RAJSAMAND कसार गांव की विशेषता
- UNIQUE KASAR VILLAGE RAJSAMAND गांव में कोई मोबाइल नेटवर्क नहीं है. शहर और इंटरनेट से दूर 15 दिन तक स्टूडेंट सिर्फ सनातन संस्कृति को जीते हैं. सुबह 5 बजे जागरण होता है, दिनचर्या में संध्या उपासना, योगासन, देवता नमस्कार, भद्रसूक्तम, पुरूषसूक्तम, रूद्रसूक्तम, रूद्राष्टाध्यायी आदि वैदिक मंत्रोच्चार का अध्ययन कराया जाता है. इसके अलावा खेल और भाषण भी सनातन संस्कृति से जुड़े ही होते है. कैंप में 17 गुरुओं की टीम है. ये शिक्षक सनातन वैदिक ज्ञान की शिक्षा स्टूडेंट्स को देते हैं. शिविर के संचालक उमेश द्विवेदी ने बताया कि साल में एक बार यहां 15 दिन के लिए कैंप लगता है. इस बार 12 से 53 साल तक के स्टूडेंट्स शामिल हुए.

- UNIQUE KASAR VILLAGE RAJSAMAND कैंप में हिस्सा लेने के लिए एक फॉर्म भरवाया जाता है. फीस 300 रुपए है. सीटें भी 300 ही है. इस बार 27 स्टूडेंट एक्सट्रा आ गए. इन्हें लौटाया नहीं गया, कैंप में शामिल कर लिया गया. इस तरह इस बार कैंप में 327 स्टूडेंट्स रहे. सभी छात्रों को सूती धोती पहननी होती है. फैशनेवल कपड़े, जूते, इलेक्ट्रॉनिक आइटम बैन हैं. डेली रूटीन और डाइट तय है. दुनिया टेक्नोलॉजी की तरफ भाग रही है, लेकिन वेदों का ज्ञान समझना भी जरूरी है. शिक्षा के साथ संस्कार भी जरूरी हैं. राजस्थान समेत गुजरात, महाराष्ट्र, मध्य प्रदेश और देश के कोने-कोने से अब तक 7000 स्टूडेंट्स वेद अध्ययन कर चुके हैं…
Must Read – सावधान ! स्कूल रूट में ट्रैफिक से बच्चों की मेमोरी हो रही खत्म https://shininguttarakhandnews.com/heavy-traffic-brain-development/

