DHAMI CABINET PORTFOLIO उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने मंत्रिमंडल विस्तार के बाद मंत्रियों में विभागीय बंटवारे कर दिए है. बीते शुक्रवार को भाजपा सरकार ने धामी कैबिनेट का विस्तार करते हुए 5 नए मंत्री बनाए थे . ऐसे में पांचों नए मंत्रियों को उनके विभाग का बंटवारा कर दिया गया है. जिन विभागों को नए मंत्रियों को दिया गया है, इससे पहले सीएम धामी इन विभागों का दायित्व संभाल रहे थे.
धामी कैबिनेट विभाग बंटवारा DHAMI CABINET PORTFOLIO

बता दें कि राजपुर विधायक खजान दास को धामी सरकार में समाज कल्याण विभाग, अल्पसंख्यक कल्याण और छात्र कल्याण, भाषा विभाग की जिम्मेदारी सौंपी गई है. रुद्रप्रयाग विधायक भरत सिंह चौधरी को ग्राम्य विकास, लघु एवं सूक्ष्म मध्यम उद्यम का जिम्मा दिया गया है. इसके अलावा हरिद्वार से विधायक मदन कौशिक पंचायतीराज, आपदा प्रबन्धन एवं पुनर्वास, आयुष एवं आयुष शिक्षा, पुनर्गठन एवं जनगणना विभाग दिया गया है.वहीं रुड़की से विधायक प्रदीप बत्रा को परिवहन, सूचना प्रौद्योगिकी एवं सुराज, विज्ञान प्रौद्योगिकी और जैव प्रौद्योगिकी विभाग दिया गया है. भीमताल से विधायक राम सिंह केड़ा को शहरी विकास, पर्यावरण संरक्षण एंव जलवायु परिवर्तन और जलागम प्रबन्धन विभाग का दायित्व दिया गया है. विभाग बंटवारे के बाद भी सीएम धामी 35 विभागों की जिम्मेदारी संभालेंगे, जो काफी अहम हैं.

ये विभाग शासन संचालन की रीढ़ माने जाते हैं और प्रशासनिक फैसलों तथा कानून-व्यवस्था पर सीधा प्रभाव डालते हैं. इसके अलावा अन्य विभागों का बंटवारा मंत्रियों के बीच किया गया है, ताकि विभागीय कार्य प्रभावी ढंग से क्रियान्वित हो सकें और विकास योजनाओं को तेजी से धरातल पर लाया जा सके.हाल ही में मुख्यमंत्री ने कैबिनेट का विस्तार करते हुए विधायक खजान दास, मदन कौशिक, भरत सिंह चौधरी, प्रदीप बत्रा और राम सिंह कैड़ा को मंत्री पद की जिम्मेदारी सौंपी थी. मंत्रिमंडल में पिछले समय से रिक्त पदों को भरते हुए यह बंटवारा किया गया है.

मुख्यमंत्री धामी के पासमंत्रिपरिषद, कार्मिक एवं अखिल भारतीय सेवाओं का स्थापना विषयक कार्य, सर्तकता, भ्रष्टाचार उन्मूलन एवं जन सेवा, सचिवालय प्रशासन, नियोजन, राज्य सम्पत्ति, सूचना, गृह, कारागार, नागरिक सुरक्षा एवं होमगार्ड एवं अर्द्ध सैनिक कल्याण, राजस्व, औद्योगिक विकास, औद्योगिक विकास (खनन), श्रम, पेयजल, ऊर्जा एवं वैकल्पिक ऊर्जा, आबकारी, न्याय, नागरिक उड्डयन, वित्त, वाणिज्य कर, स्टाम्प एवं निबन्धन और आवास विभाग की जिम्मेदारी है. मंत्री सुबोध उनियाल को स्वास्थ्य विभाग दिया गया है.

विश्लेषकों के अनुसार, मुख्यमंत्री द्वारा प्रमुख प्रशासनिक विभाग अपने पास रखना रणनीतिक कदम है, जिससे शासन की मुख्य कमान उनके नियंत्रण में बनी रहे. वहीं अन्य विभाग मंत्रियों को सौंपकर कार्यों का प्रभावी और संतुलित वितरण सुनिश्चित किया गया है.कुल मिलाकर, यह विभागीय पुनर्गठन सरकार की कार्यशैली को अधिक समन्वित, जवाबदेह और परिणामोन्मुख बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है.

