देहरादून से अनीता आशीष तिवारी की विशेष रिपोर्ट –
Umesh kumar Attacks मेरे मन में उस व्यक्ति को देखकर वैसा ही भाव जाग्रत होता है जैसे सड़क चलते आपने कोई विक्षिप्त और उदण्ड बेचारा का किरदार देख लिया हो।ये बेहद सटीक और सारगर्भित व्यंग किया है मीडिया के दिग्गज शख्सियत और चर्चित खानपुर के दिलों पर अपना सिक्का जमा चुके निर्दलीय विधायक उमेश कुमार के जिन्होंने बीते कुछ ही महीनों की विधायकी से विपक्षियों की नींद उड़ा दी है तो वहीँ अपने मतदाताओं की आँखों का तारा बन गए हैं।
Umesh kumar Attacks वो विक्षिप्त हो गए हैं देखकर दया आती है – उमेश कुमार

- Umesh kumar Attacks भारतीय राजनीती में पोलिटिकल गैंगवार के तमाम किस्से आपने देखे सुने होंगे। लेकिन शांत और सभ्य राजनीती के लिए जानी जाने वाली देवभूमि में भी कुछ किरदार अब ऐसे नज़र आते हैं जो हार के प्रहार से घायल होकर अन्य राज्यों की तरह उत्तराखंड में भी राजनैतिक कटुता और प्रतिद्वंदिता की सीमाओं को तोड़ने लगे हैं। बुद्धिजीवी मतदाता इस विषैली और कडुआहट भरी राजनीती और ऐसे हारे हुए उम्मीदवार की स्तरहीन बयानबाज़ियों को आने वाले चुनाव और सियासत के लिए बड़ा खतरा बता रहे हैं।

- Umesh kumar Attacks दरअसल जबसे पहाड़ में एक विशुद्ध पत्रकार से समाजसेवी बने मौजूदा निर्दलीय विधायक उमेश कुमार ने उत्तराखंड की राजनीती में धमाकेदार एंट्री की है उसके बाद से ही कुछ बड़े और दबंद सियासतदानों की कुर्सी न सिर्फ खिसकी है बल्कि आने वाले समय में उनके जैसे तमाम सियासी रसूखवालों की दीवार ढहती नज़र आने लगी है। हद तो ये है कि गाहे बगाहे एक बड़ा वोटबैंक खानपुर विधायक उमेश कुमार को भविष्य का सीएम तक घोषित कर चुका है। अंदरखाने खबर है कि खानपुर विधायक के लिए यही बढ़ती लोकप्रियता कुछ गुटों के असरहीन हो चुके नेताओं को खटकने लगी है।

- Umesh kumar Attacks जब हमने विधायक उमेश कुमार से बीते कुछ दिनों से उनपर व्यक्ति विशेष द्वारा किये जा रहे अनर्गल बयान और अमर्यादित शब्दों के ज़ुबानी हमलों पर प्रतिक्रिया पूछी तो तपाक से एमएलए उमेश कुमार ने जवाब दिया कि जो जीता वो “सिकंदर” जो हारा वो “बन्दर” अब पहाड़ की राजनीती को समझने वाले ये भी जानते हैं कि सिकंदर कौन है और बंदर किसको कहा जा रहा है। दरअसल एमएलए उमेश कुमार मानते हैं की खानपुर को अपनी विरासत और सियासत का मरकज़ मानकर साम , दाम , दंड , भेद से जिस चुनाव को जीतने की परम्परा को आगे बढ़ा रहे नेताओं को उन्होंने चुनौती दी है , निर्दलीय मैदान में उतर कर प्रचंड जीत दर्ज़ करने के बाद उन्हें इस तरह के अनर्गल बयानों के तीर का मुक़ाबला करना पड़ेगा जिसके लिए उन्होंने खुद को तैयार भी कर लिया है।

- Umesh kumar Attacks खानपुर के वोटर आज पूरी तरह से एकजुट और लामबंद होकर अपने चुने हुए विधायक के साथ खड़े दिखाई दे रहे हैं। वो कहते हैं कि उमेश भैया को जितना भला बुरा वो हारे हुए लोग कहेंगे उतना ही विधायक जी और मजबूत होंगे , क्योंकि जो विकास सालों में कभी नहीं हुआ था वो एक साल में हो चुका है क्योंकि उमेश भैया हमको अपना परिवार और खानपुर को अपना घर मानते है , गरीब बेटियों की शादी कराते हैं मदद के लिए हाँथ बढ़ाते है। ये बयान बताते हैं कि खानपुर में विधायक उमेश कुमार ने अपनी पकड़ एक नेता से ज्यादा एक मसीहा की बनाई है जिसको तोड़ना फिलहाल दूर की कौड़ी लगता है। ऐसे में समझा जा सकता है कि जनता के विश्वास को जीतकर अगर कोई जनप्रतिनिधि आगे बढ़ता है तो जितनी उसके प्रतिद्वंदी ज़मीन कमज़ोर करते हैं , उतना ही जनता अपने हमदर्द नेता की नींव को मज़बूत करते हैं जो विधायक उमेश कुमार के साथ हूबहू होता नज़र आ रहा है।
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